
फोटो-मिट्टी लदे ट्रैक्टर ट्राली मौदहा हमीरपुर। मौदहा में अवैध मिट्टी खनन चरम पर है। इस गोरखधंधे में कई सफेदपोश भी शामिल हैं जिन्हे खनन विभाग सहित स्थानीय प्रशासन जानकर अनदेखा कर रहा है। जिससे बंजर भूमि, उपजाऊ भूमि समेत नुज़ूल की जमीनों का अस्तित्व भी समाप्त हो रहा है।
मौदहा कस्बे में दिन ढलते ही अवैध मिट्टी का कारोबार अपने चरम पर पहुंच जाता है। हालत यह हो जाती है कि मिट्टी से भरे ट्रैक्टर ट्राली कस्बे की मुख्य सड़कों से लेकर संकरी गलियों में फर्राटा भरते नजर आते हैं। इस अवैध कारोबार में लगे अधिकांश ट्रैक्टर बिना रजिस्ट्रेशन के होते हैं, लेकिन जनपद में तैनात अतिरिक्त परिवहन अधिकारी भी इन कारोबारियों को खुली छूट दिए हुए है। इस कारोबार में लगे ट्रैक्टर व ट्राली को फर्राटा भरते देखकर भी कोई कार्रवाई नहीं की जाती जिससे आमजन अपने आपको भी असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। इस कार्य में लगे वाहन भी थाना चौराहा, तहसील मार्ग से लेकर बड़ा चौराहा, देवी चौराहा, अरतरा चौराहे की संकरी गलियों में भी मिट्टी भरकर पहुंचते हैं। हालांकि लोगों का मानना है कि स्थानीय प्रशासन भी इंट्री लेकर ऐसे गोरखधंधे में संलिप्त कारोबारियों को खुली छूट प्रदान किए हुए है और यदि कोई बिना इंट्री के व्यक्तिगत कार्यों के लिए मिट्टी ला रहे हों तो उन्हें कानून का पाठ पढ़ाया जाता है। लोगों की मानें तो स्थानीय प्रशासन का दोहरा चरित्र भी अब शक के दायरे में है। कस्बे के कुछ नामचीन लोग उक्त कार्य को अंजाम देते हैं और राजस्व विभाग से लेकर पुलिस विभाग इनकी सहयोगी बनकर काम करते हैं। जो चिंता का विषय है।